बेमौसम बारिश से किसानों की फसल बर्बाद, सांसद रमाशंकर राजभर ने मांगा मुआवजा

राजस्व और कृषि विभाग की संयुक्त टीमें गठित कर गांव-गांव कराया जाए नुकसान का सर्वेक्षण
बलिया। चक्रवाती तूफान 'अर्णब' के प्रभाव से हुई बेमौसम बारिश ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। खेतों में खड़ी और कटाई के लिए तैयार फसलों को भारी नुकसान पहुंचने से किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। किसानों की इस परेशानी को देखते हुए सलेमपुर के सांसद रमाशंकर राजभर 'विद्यार्थी' ने जिला प्रशासन बलिया से प्रभावित किसानों को तत्काल राहत और उचित मुआवजा देने की मांग की है।
सांसद ने कहा कि किसान खाद, बीज, सिंचाई और मजदूरी पर अपनी जमा पूंजी खर्च कर दिन-रात मेहनत करके फसल तैयार करता है। फसल से होने वाली आमदनी ही उसके परिवार के भरण-पोषण, बच्चों की पढ़ाई और बेटियों की शादी जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों का आधार होती है। ऐसे में फसल कटाई के समय हुई बेमौसम बारिश ने किसानों की मेहनत और उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की कि राजस्व एवं कृषि विभाग की संयुक्त टीमें गठित कर प्रभावित गांवों में स्थलीय निरीक्षण कराया जाए। खेतों में खड़ी, कट चुकी और बारिश से भीगी फसलों के नुकसान का पारदर्शी तरीके से सर्वेक्षण कर वास्तविक क्षति का आकलन किया जाए। इसके आधार पर पात्र किसानों को बिना देरी किए उचित मुआवजा उपलब्ध कराया जाए।
सर्वेक्षण केवल औपचारिकता न बने: सांसद
सांसद के मीडिया प्रभारी जितेश कुमार वर्मा (एडवोकेट) ने कहा कि इस संकट की घड़ी में किसानों को केवल आश्वासन नहीं, बल्कि तत्काल आर्थिक सहायता की आवश्यकता है। उन्होंने प्रशासन से अपील की कि सर्वेक्षण महज औपचारिकता बनकर न रह जाए, बल्कि प्रशासनिक टीमें प्रत्येक प्रभावित गांव और किसान तक पहुंचकर निष्पक्ष आकलन करें।
उन्होंने कहा कि समय पर नुकसान का सही आकलन और आर्थिक सहायता मिलने से किसानों को इस मुश्किल दौर से उबरने में मदद मिलेगी।
सांसद रमाशंकर राजभर ने जिला प्रशासन से किसानों के हित में तत्काल प्रभावी कदम उठाने, फसल नुकसान का निष्पक्ष सर्वेक्षण कराने और प्रभावित किसानों को शीघ्र मुआवजा दिलाने की मांग की है।
लेखक के बारे में
शैलेन्द्र कुमार सिंह
पिछले करीब आठ वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। फोटो जर्नलिस्ट के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत करने वाले शैलेन्द्र ने स्टेट मीडिया, दैनिक भास्कर सहित विभिन्न मीडिया प्लेटफॉर्म और अपने डिजिटल पोर्टल ‘शब्द भेदी’ के माध्यम से पत्रकारिता को आगे बढ़ाया। जमीनी मुद्दों, स्थानीय खबरों और जनसरोकार से जुड़े विषयों को प्रमुखता से उठाना उनकी पत्रकारिता की खास पहचान है। अनुभव, संघर्ष और निरंतर सीखने के साथ उन्होंने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई है। शैलेन्द्र कुमार सिंह की सभी खबरें देखें →
संबंधित लेख

राष्ट्रीय एकता बनाए रखना प्रत्येक भारतीय का कर्तव्य: योगी आदित्यनाथ

बलिया में 26 दोपहिया वाहनों की होगी नीलामी, 2 नवंबर को भीमपुरा थाने में लगेगी बोली

तेज हवा और बारिश ने किसानों की मेहनत पर फेरा पानी, धान की फसल को भारी नुकसान

खादी कारीगरों की समस्याओं के समाधान के लिए केंद्र सरकार ने उठाए कदम: जीतन राम मांझी
टॉप रीड्स

खादी कारीगरों की समस्याओं के समाधान के लिए केंद्र सरकार ने उठाए कदम: जीतन राम मांझी

यूपी में तीसरी बार सरकार बनाओ, UCC लागू करेंगे… अमित शाह ने 2027 के लिए भरी हुंकार, 312 सीटों का लक्ष्य

मिशन शक्ति 6.0 के तहत महिलाओं को मिला सुरक्षा का संदेश

लखनऊ में बनेगा देश का सबसे बड़ा एंटरटेनमेंट पार्क, 2,000 करोड़ रुपये होंगे खर्च

पत्रकार से बने हजारों करोड़ के कारोबारी, आरके सिन्हा के निधन से शोक की लहर

भारत: धर्म, कारोबार और आर्थिक सुधारों के बीच फंसा उद्यमी

लखनऊ में MLC चुनाव की मतगणना शुरू, 29 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला आज




Leave a Comment
Don't worry! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).